शिमला, 26 जनवरी । शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान पर आयोजित राज्य स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह में इस बार झांकियों और नुक्कड़ नाटक के माध्यम से नशे के खिलाफ सशक्त संदेश दिया गया। एंटी चिट्टा अभियान समारोह का प्रमुख केंद्र रहा, जिसमें नशे के दुष्प्रभावों और उससे दूर रहने की अपील को सरल और प्रभावी ढंग से लोगों तक पहुंचाया गया। 77वें गणतंत्र दिवस के इस कार्यक्रम की अध्यक्षता राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने की।
समारोह में लेडी गवर्नर जानकी शुक्ला, मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू, नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर और लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह विशेष रूप से उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान परेड, विभिन्न सरकारी विभागों की झांकियां और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां हुईं, जिनमें बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में हिमाचल प्रदेश पुलिस की एकलव्य कला मंच, प्रथम वाहिनी आईआरबीएन बनगढ़, ऊना की टीम ने एंटी चिट्टा अभियान के तहत एक प्रभावशाली नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया। नाटक के जरिए युवाओं और आम लोगों को चिट्टे जैसे घातक नशे से दूर रहने और समाज को नशा मुक्त बनाने का संदेश दिया गया। इसके अलावा उत्तर क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र पटियाला के जम्मू-कश्मीर, हरियाणा और उत्तराखंड के सांस्कृतिक दलों के साथ हमीरपुर और जिला शिमला के कलाकारों ने लोक नृत्य और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से दर्शकों का मनोरंजन किया।
रिज मैदान पर विभिन्न विभागों की झांकियां भी आकर्षण का केंद्र रहीं। पुलिस विभाग की झांकी में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे जन-जागरूकता अभियानों, वॉकथॉन और प्रयासों को दिखाया गया, जिनका उद्देश्य खास तौर पर युवा वर्ग को नशे के खतरों से सचेत करना रहा। सेना की ओर से शस्त्र प्रदर्शन और प्रथम जेएंडके राइफल जतोग द्वारा ऑपरेशन सिंदूर की झांकी प्रस्तुत की गई। कृषि विभाग ने ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने, उद्यान विभाग ने वैज्ञानिक बागवानी, वन विभाग ने जनभागीदारी से वन संरक्षण, पर्यटन विभाग ने एडवेंचर टूरिज्म और महिला एवं बाल विकास विभाग ने इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना को झांकी के माध्यम से दर्शाया।
इसके अलावा शिक्षा विभाग की गुणात्मक शिक्षा, स्वास्थ्य विभाग की तंबाकू मुक्त हिमाचल, विद्युत विभाग की व्यवस्था परिवर्तन, नगर निगम शिमला के स्वामा ऐप, हिम ऊर्जा की ग्रीन पंचायत, ग्रामीण विकास विभाग की हिम ईरा फूड वैन, उद्योग विभाग की सीएम स्टार्टअप स्कीम, पशुपालन विभाग की बेसहारा पशु मुक्त समाज और परिवहन विभाग की इलेक्ट्रिक वाहन जैसी झांकियां भी लोगों के लिए आकर्षण रहीं।
समारोह के दौरान राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने शिमला जिले की चौपाल तहसील के गांव गागना निवासी ऋतिक चौहान को वर्ष 2024 के ‘उत्तम जीवन रक्षा पदक’ से सम्मानित किया। ऋतिक चौहान ने रेलवे ट्रैक पर खेल रही दो बच्चियों को सामने से आ रही ट्रेन से बचाया था। इस साहसिक कार्य के दौरान उनका पैर पटरी में फंस गया, जिससे एक टांग में फ्रैक्चर और दूसरी में गंभीर चोट आई, लेकिन उन्होंने अपनी जान की परवाह किए बिना बच्चियों की जान बचाई।