शिक्षा केवल साक्षरता तक सीमित न होकर इसमें नैतिक मूल्यों का समावेश जरूरी: न्यायमूर्ति प्रीतम पाल

मंडी, 18 मार्च । डीएवी सेंटेनरी पब्लिक स्कूल, जवाहर नगर मंडी में डीएवी कॉलेज प्रबंधन समिति, नई दिल्ली के माननीय उपाध्यक्ष न्यायमूर्ति प्रीतम पाल का शुभागमन हुआ। विद्यालय प्रांगण में पहुंचने पर मुख्य अतिथि का भव्य स्वागत किया गया। इस अवसर पर प्रधानाचार्य के.एस. गुलेरिया ने उन्हें पुष्पगुच्छ भेंट कर और पारंपरिक हिमाचली टोपी व शॉल पहनाकर उनका अभिनन्दन किया। कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ न्यायमूर्ति द्वारा परिसर में पौधारोपण के साथ हुआ, जिसके माध्यम से उन्होंने पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।

स्वागत समारोह के दौरान विद्यालय के शिक्षकों द्वारा सुमधुर स्वागत गीत और भक्तिमय ऋषि भजन की प्रस्तुति दी गई। जिसने संपूर्ण वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर कर दिया। अपने संबोधन में न्यायमूर्ति प्रीतम पाल ने स्कूल की शैक्षणिक उपलब्धियों और विद्यार्थियों के चारित्रिक निर्माण के प्रति संस्थान की प्रतिबद्धता की सराहना की। उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल साक्षरता

तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि इसमें नैतिक मूल्यों का समावेश अनिवार्य है। प्रधानाचार्य के.एस. गुलेरिया जी ने मुख्य अतिथि के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कहा कि न्यायमूर्ति जैसी विभूति का सान्निध्य विद्यार्थियों और शिक्षकों के लिए नई ऊर्जा और प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने विश्वास दिलाया कि विद्यालय अपनी गौरवशाली विरासत को अक्षुण्ण रखते हुए विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर प्रयास करता रहेगा।

इस अवसर पर हिमाचल प्रदेश के विभिन्न डीएवी विद्यालयों से प्रधानाचार्य जिसमें डीएवी ग्रयोह से संजीव ठाकुर, सुंदरनगर से मोहित चूज, गोहर से चंद्रेश्वर शर्मा, नेर चौक से प्रशांत शर्मा, जोगिंदर नगर से संजय ठाकुर, कटराइं से चंद्रिका मल्होत्रा, जमथल से दीपिका शर्मा, मनाली से अनीता वर्मा तथा डीएवी पण्डोह से वंदना कपूर जिन्होंने इस सत्र से डीएवी पंडोह का कार्यभार संभाला और एआरओ जोन सी एवं डीएवी सेंटेनरी पब्लिक स्कूल जवाहर नगर मंडी के प्रधानाचार्य के. एस. गुलेरिया, डीएवी मंडी के स्टाफ व अन्य गणमान्य व्यक्ति भी मौजूद रहे।