काशी की तर्ज पर संवरेगा लोधेश्वर धाम, 48.79 करोड़ की परियोजना से मिलेगा हाईटेक स्वरूप

बाराबंकी, 26 जुलाई । बाराबंकी जिले का प्राचीन एवं पौराणिक लोधेश्वर महादेव धाम जल्द ही आधुनिक पर्यटन और धार्मिक आस्था के संगम के रूप में नई पहचान बनाने जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल पर पर्यटन विभाग की लगभग ₹48.79 करोड़ की समेकित पर्यटन विकास परियोजना के तहत मंदिर परिसर का तेजी से कायाकल्प किया जा रहा है। परियोजना पूरी होने के बाद श्रद्धालुओं को विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध होंगी और लोधेश्वर धाम काशी की तर्ज पर विकसित होगा।

करीब 12,980 वर्गमीटर क्षेत्रफल में विकसित हो रही इस परियोजना के अंतर्गत पांच भव्य प्रवेश द्वार, 652 मीटर लंबा व 3.25 मीटर चौड़ा कवर्ड कॉरिडोर, आधुनिक विजिटर फैसिलिटी कॉम्प्लेक्स, क्लॉक रूम, मेडिकल सेंटर, कमांड सेंटर, कंट्रोल रूम, सीसीटीवी निगरानी प्रणाली, सुरक्षा कर्मियों के लिए हॉल, नौ दुकानें, पेंट्री, पेयजल व्यवस्था और आकर्षक लैंडस्केपिंग का निर्माण कराया जा रहा है। इसके अलावा पुरुषों और महिलाओं के लिए 26-26 शौचालय तथा दिव्यांगजनों के लिए चार विशेष शौचालय भी बनाए जाएंगे।

निर्माण कार्यदायी संस्था सीएंडडीएस के परियोजना प्रबंधक देवव्रत पवार ने बताया कि भूमि हस्तांतरण के बाद अप्रैल 2026 से निर्माण कार्य तेज गति से चल रहा है। वर्तमान में फाउंडेशन और पाइलिंग का कार्य जारी है। निर्धारित समय के अनुसार पूरे प्रोजेक्ट को अगले वर्ष अक्टूबर तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।

जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह ने बताया कि प्रदेश सरकार की मंशा के अनुरूप लोधेश्वर धाम को आधुनिक पर्यटन सुविधाओं से सुसज्जित किया जा रहा है। जिला प्रशासन परियोजना की नियमित निगरानी कर रहा है, ताकि कार्य गुणवत्ता और समयबद्धता के साथ पूरा हो। उन्होंने कहा कि इस परियोजना से धार्मिक पर्यटन को नई गति मिलेगी, स्थानीय व्यापार को बढ़ावा मिलेगा और क्षेत्र की अर्थव्यवस्था भी मजबूत होगी।

रामनगर तहसील के महादेवा गांव में घाघरा नदी के तट पर स्थित लोधेश्वर महादेव मंदिर अत्यंत प्राचीन और आस्था का प्रमुख केंद्र है। मान्यता है कि महाभारत काल में पांडवों ने यहां महायज्ञ किया था, जिसका प्रमाण आज भी पांडव कूप के रूप में मौजूद है। श्रद्धालुओं की गहरी आस्था और पौराणिक महत्व के कारण यहां प्रतिवर्ष महाशिवरात्रि और श्रावण मास में लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। अब आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित होने के बाद लोधेश्वर धाम प्रदेश के प्रमुख धार्मिक पर्यटन स्थलों में और अधिक मजबूती से अपनी पहचान बनाएगा।