चंडीगढ़, 30 जुलाई । बरनाला में सफाई कर्मचारियों पर हुए पुलिस लाठीचार्ज के विरोध में गुरुवार को वाल्मीकि समाज के पंजाब बंद का कई जिलों में व्यापक असर दिखाई दिया। राज्य में सुबह दस बजे से शाम चार बजे तक बाजार बंद रहे और वाल्मीकि समाज के लोगों ने सड़कों पर प्रदर्शन किया। बंद के दौरान पंजाब के अमृतसर में हुए हादसे में एक पुलिस कर्मी की मौत हो गई।
बरनाला में 22 जुलाई को अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे सफाई कर्मचारियों पर लाठीचार्ज किया गया था। यूनियन नेताओं का दावा है कि इसमें कई सफाई कर्मचारी घायल हुए और उनके सिर फोड़ दिए गए। महिला सफाई कर्मचारियों के साथ भी दुर्व्यवहार किया गया। पंजाब सरकार इस मामले में एक डीएसपी को निलंबित कर चुकी है तथा थाना प्रभारी को लाइन हाजिर किया जा चुका है।
राज्य के लुधियाना, बठिंडा, होशियारपुर, फाजिल्का, कपूरथला, अमृतसर, पटियाला, पठानकोट, मोगा, रूपनगर, फरीदकोट और गुरदासपुर में व्यापक असर देखने को मिला। गुरुवार को अमृतसर में भंडारी पुल को प्रदर्शनकारियों ने जाम कर दिया गया। यहां से लोगों को नहीं निकलने दिया गया। वाल्मीकि समाज के लोग रॉड, डंडे लेकर खड़े रहे। यहां तलवारें लहराई गईं। हालांकि बाद में पुलिस ने उन्हें रोक दिया। इसके साथ हॉल बाजार में यस बैक बंद करवाया गया।
भंडारी पुल पर तैनात एंटी राइट पुलिस के जवान रणबीर सिंह की मौत हो गई। वह इमरजेंसी कॉल पर घर जा रहे थे। इसी दौरान भंडारी पुल पर लगाई रस्सी में उनका गला फंस गया और वह स्कूटी से गिर गए। रस्सी से गला घुटने से उनकी मौत हो गई। लुधियाना में चौड़ा,बाजार, घंटा घर, किताब बाजार, केसर गंज मंडी, जवाहर नगर कैंप, बस्ती जोधवाल, टिब्बा रोड, ताजपुर रोड समेत अन्य जगह बाजार बंद रहे। प्रदर्शनकारियों ने घंटा घर चौक के पास इकट्ठे होकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
भाजपा और वाल्मीकि समाज के नेता यशपाल चौधरी और नरेश धींगान ने कहा कि लुधियाना को पूरी तरह बंद करवाया गया। नगर निगम ए-जोन में धरना लगातार जारी रहेगा।
होशियारपुर में बंद के दौरान मिनी सचिवालय खुला रहने से माहौल गरमा गया। मिनी सचिवालय में कामकाज होता देख नाराज संगठनों ने तुरंत मुख्य कार्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन किया और सडक़ जाम कर दी।
मोहाली जिले के खरड़, डेराबस्सी और कुराली में असर देखने को मिला है। इस दौरान बाजारों में दुकानें बंद रहीं। डेराबस्सी में प्रशासन की तरफ से एजीटीएफ के एसपी विक्रम बराड़ को सफाई मुलाजिम यूनियन से मुलाकात के लिए भेजा गया, लेकिन बातचीत का कोई समाधान नहीं निकला।
जालंधर में नगर निगम दफ्तर के गेट पर सफाई कर्मचारी और वाल्मीकि समाज ने प्रदर्शन किया।
उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। पठानकोट शहर के मुख्य बाजार पूरी तरह बंद रहे। हालांकि, गली-मोहल्लों की दुकानें दिनभर खुली रहीं। वहीं, नगर निगम के सफाई सेवक, सीवरमैन और ड्राइवर यूनियन ने हड़ताल कर कामकाज पूरी तरह ठप रखा। गुरदासपुर में बंद का असर देखने को मिला। कर्मचारियों के आह्वान पर सभी मुख्य बाजार बंद रहे। शहर की विभिन्न सामाजिक और धार्मिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने धरना स्थल पर पहुंचकर समर्थन दिया।