चंडीगढ़, 09 अक्टूबर । पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के ओएसडी राजबीर सिंह घुम्मन शुक्रवार को दूसरी बार केंद्रीय जांच ब्यूरो के सामने पेश नहीं हुए। हालांकि, बताया जा रहा है कि उन्होंने सीबीआई के नोटिस का कानूनी जवाब भेजा है।
सीबीआई ने घुम्मन को कथित भ्रष्टाचार और प्रभाव के दुरुपयोग से जुड़े मामले में जांच में शामिल होने के लिए शुक्रवार दोपहर 3 बजे सेक्टर-30 स्थित कार्यालय में बुलाया था। इससे पहले एजेंसी ने घुम्मन समेत अन्य आरोपियों के आवासों के बाहर नोटिस चस्पा किए थे।
सूत्रों के अनुसार चुस्पिंदर सिंह चहल समेत कुछ अन्य लोगों को भी शुक्रवार को जांच में शामिल होने के लिए बुलाया गया था, लेकिन वे भी पेश नहीं हुए। चहल से जुड़ी कथित चैट का उल्लेख सीबीआई की 251 पन्नों की प्राथमिकी में किया गया है।
सीबीआई ने पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट के आदेश के बाद राजबीर सिंह घुम्मन और पांच अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। इनमें नितिन गोहल, जितिन गोहल, रोमी राजा महाजन, राजदीप सिंह नागरा और बीर देविंदर सिंह के नाम शामिल हैं। मामला सरकारी अधिकारियों से जुड़े कथित भ्रष्टाचार, पदस्थापनाओं के बदले भुगतान, अनुकूल नीतिगत फैसलों और निविदाओं से संबंधित आरोपों की जांच से जुड़ा है।
शुक्रवार सुबह सीबीआई ने घुम्मन और अन्य आरोपियों को नए समन जारी किए। अधिकारियों के अनुसार, नोटिस मुख्यमंत्री के सेक्टर-2 स्थित कैंप कार्यालय और संगरूर जिले के घराचों गांव में घुम्मन के आवास पर भी चस्पा किए गए।
इससे पहले बुधवार को भी घुम्मन पूछताछ के लिए नहीं पहुंचे थे। उस समय मुख्यमंत्री कार्यालय के अधिकारियों ने कहा था कि उन्हें समन प्राप्त नहीं हुआ था।
गुरुवार को मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा था कि यदि समन विधिवत तरीके से तामील किया जाता है तो उनके ओएसडी जांच में शामिल होंगे। मुख्यमंत्री ने अपने कार्यालय के कामकाज में किसी भी तरह की गड़बड़ी के आरोपों से भी इनकार किया था।