अनाज मंडी शेड में छुपा हत्या का आरोपी दंपती पकड़ा

घटना का सार

लुधियाना के सलेम टाबरी इलाके में हत्या की खबर सामने आई है। पुलिस के अनुसार शमशेर उर्फ शेरा और उसकी पत्नी कुलदीप कौर ने दविंदर को मौत के घाट उतार दिया। दोनों पिछले छह से सात साल से एक दूसरे को जानते थे और अक्सर नशे पर साथ रहते थे। जब भी दविंदर लुधियाना आता, वह पहले अपने घर ठहरता और फिर उनके पास आ जाता। मंगलवार को भी दविंदर ने शमशेर को फोन किया था और उसे रिसीव कर अपने घर ले गया।

हत्या के पीछे कारण और शव का हाल

हत्या के पीछे पुराने लेन-देन का विवाद बताया गया है। झगड़ा बढ़ा और शमशेर ने दविंदर को मार डाला। इसके बाद उसने शव को छह टुकड़ों में काटने की योजना बनाई। लगभग दो घंटे के भीतर उसने टुकड़े कर दिए। टुकड़ों को गांधी कॉलोनी के अलग-अलग स्थानों पर फेंका गया। कुछ हिस्सों में आग लगाने की भी कोशिश की गई ताकि पहचान मुश्किल हो। पुलिस ने कहा कि वारदात के बाद शव को ठिकाने लगाने की तैयारी पहले से थी। आरी जैसे औजार के इस्तेमाल के संकेत मिलते हैं।

गिरफ्तारी और पुलिस की कार्रवाइयां

पुलिस ने शमशेर उर्फ शेरा और कुलदीप कौर को लुधियाना की अनाज मंडी से गिरफ्तार किया। वे एक शेड के नीचे छिपे हुए थे। एडीसीपी-1 समीर वर्मा के अनुसार हत्या के बाद शमशेर अमृतसर भाग गया था। गांव वालों के विरोध से लौटना पड़ा। फिर वह लुधियाना लौटकर अनाज मंडी क्षेत्र में छिपने की कोशिश कर रहा था। शुक्रवार सुबह उसे गिरफ्तार किया गया। 30 वर्षीय शमशेर किराये के मकान में रहता था और नशा तस्करी से जुड़ा था। उसके खिलाफ 2016 में नशा तस्करी का मामला दर्ज है। पंजाब पुलिस ने यह जानकारी दी।

परिजनों की प्रतिक्रिया और खोज जारी

परिजनों ने हत्या के बाद भी दविंदर का एक हाथ न मिल पाने को लेकर आक्रोश जताया। पुलिस का कहना है कि लापता हिस्सा खोजे जा रहे हैं। आगे की जांच जारी है और संदिग्धों के बारे में नई जानकारी मिलने की उम्मीद है। इस घटना से ड्रग तस्करी और लेन-देन के मामलों पर सतर्कता बढ़ सकती है। अधिक जानकारी के लिए देखें क्राइम न्यूज़

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