कैथल, 11 जनवरी । हरियाणा के कैथल जिले में एक निजी अस्पताल में जच्चा और बच्चे की मृत्यु होने से परिजनों और स्थानीय लोगों में भारी रोष फैल गया। घटना उस समय हुई जब महिला प्रसव के लिए अस्पताल में भर्ती थी। परिजनों ने आरोप लगाया कि अस्पताल में संपूर्ण देखभाल और समय पर चिकित्सा सुविधाएं नहीं दी गईं, जिससे यह त्रासदी घटी।
हादसे के बाद अस्पताल परिसर में परिजन और ग्रामीणों ने हंगामा शुरू कर दिया, और प्रशासन की ओर से मामले की तत्काल जांच की मांग की। पुलिस और जिला प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में किया। घटना के कारण अस्पताल में तनावपूर्ण माहौल बन गया था।
जिला प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए अस्पताल प्रशासन से पूछताछ शुरू कर दी है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अस्पताल के रिकॉर्ड और प्रसव से जुड़ी मेडिकल रिपोर्ट का विश्लेषण करना शुरू किया है। जांच का उद्देश्य यह पता लगाना है कि मौत के पीछे चिकित्सकीय लापरवाही, तकनीकी त्रुटि या अन्य कारण जिम्मेदार हैं।
स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी कि यदि जांच निष्पक्ष और पारदर्शी नहीं हुई, तो वे और भी आंदोलन करने को तैयार हैं। प्रशासन ने परिजनों को आश्वासन दिया कि जांच तेज और निष्पक्ष होगी और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि ग्रामीण इलाकों में निजी अस्पतालों की निगरानी और स्वास्थ्य सुविधाओं का नियमित निरीक्षण बेहद जरूरी है। ऐसा न होने पर मरीजों और उनके परिजनों की जान जोखिम में पड़ सकती है। इस घटना ने स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के लिए सतर्कता का संदेश दिया है।