फाजिल्का: नकली PWD प्लेट वाली गाड़ी से हेरोइन बरामद, 2 गिरफ्तार

फाजिल्का में नाकाबंदी के दौरान ड्रग तस्करी का बड़ा मामला दर्ज

फाजिल्का की सदर थाना पुलिस ने नाकाबंदी के दौरान एक गाड़ी रोककर बड़ा ड्रग तस्करी का मामला पकड़ा।

गाड़ी पर राजस्थान सरकार लिखी प्लेट लगी थी, पर नंबर असल नहीं दिखे।

गाड़ी सवार दो युवकों को गिरफ्तार कर लिया गया; एक आरोपी मौके से फरार हो गया।

260 ग्राम हेरोइन बरामद होने की पुष्टि हुई है और इसकी कड़ियाँ आगे की जांच में खुलनी बाकी हैं।

पुलिस ने मामले के मुख्य संदिग्धों के खिलाफ NDPS Act के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

कथित तौर पर पुलिस ने यह भी पाया कि आरोपी कार पर राजस्थान सरकार और पीडब्ल्यूडी की जाली नंबर प्लेट लगाए हुए थे।

घटना का क्रम और गिरफ्तारियों का घटनाक्रम

जानकारी के अनुसार, नाकाबंदी Fazilka–Firozepur हाईवे पर थेहकलंदर के पास की गई थी।

जलालाबाद की ओर से आ रही एक कार को शक के आधार पर रोकने का इशारा किया गया।

कार चालक ने पुलिस को देखकर भागने की कोशिश की, पर उसे रोक लिया गया।

जाली नंबर प्लेट को देखकर पुलिस ने सख्ती से तलाशी शुरू की।

तुरंत एक युवक मौके से भाग गया, जबकि दो लोग कार में ही दबिश से पकड़ लिए गए।

कार की तलाशी में 260 ग्राम हेरोइन बरामद हुई और अन्य साहित्य बरामदगी की भी पुष्टि होती रही।

जाँच में पाया गया कि कार पर राजस्थान सरकार की जाली प्लेट और पीडब्ल्यूडी की नकल लगी थी ताकि पुलिस को गाड़ी रोकने से रोका जा सके।

इस क्रम में पुलिस ने वाहन को अपने कब्जे में ले लिया और आगे की जाँच के लिए टीमों को निर्देशित किया।

आरोपियों की पहचान और स्थान

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान तीनों के रूप में हुई है और वे हनुमानगढ़ जिले, राजस्थान के निवासी बताए जाते हैं।

गोरधन राजस्थान के निवासी बताए गए हैं और गिरफ्तारी के समय उसकी भूमिका संदिग्ध बताई जा रही है।

बंटू सिंह भी राजस्थान के निवासी हैं और हलके-फुल्के दर्जे के अपराधियों के नेटवर्क से जुड़े होने के संकेत मिल रहे हैं।

तीसरे आरोपी विनोद कुमार का नाम सामने आया है, जो मौके से फरार है और उसकी तलाश जारी है।

अधिकारियों के अनुसार तीनों ही आरोपी हनुमानगढ़ क्षेत्र के रहने वाले बताये जाते हैं और वे ड्रग सप्लाई चेन के सदस्य हो सकते हैं।

फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने आसपास के क्षेत्र में गश्त तेज कर दी है ताकि पकड़ संभव हो सके।

सूत्रों के अनुसार इन सभी आरोपियों के बीच ड्रग सप्लाई के एक बड़े नेटवर्क की जानकारी मिल सकती है, जिसकी विस्तृत जांच चल रही है।

जाँच और आगे की कार्रवाई

पुलिस ने NDPS Act के तहत मामला दर्ज कर लिया है और गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।

गिरफ्तार आरोपियों को अदालत में पेश कर रिमांड पर लेने की तैयारी है ताकि गहन पूछताछ संभव हो सके और सप्लायर चेन तक पहुँचा जा सके।

फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए ताबड़तोड़ छापे और तलाशी अभियान चल रहे हैं।

मामले की गहराई से जाँच की जा रही है ताकि तस्करों के नेटवर्क और वित्तीय लेन-देन का भी पता लग सके।