बरेली, 7 अप्रैल । अपराधियों की पहचान और घटनाओं के अनावरण में ‘यक्ष एप’ बरेली परिक्षेत्र पुलिस के लिए बड़ा हथियार साबित हो रहा है। पुलिस उपमहानिरीक्षक बरेली परिक्षेत्र अजय कुमार साहनी के निर्देशन में परिक्षेत्र के सभी जिलों में इस एप का लगातार इस्तेमाल किया जा रहा है। एप के माध्यम से गिरफ्तार अपराधियों के फोटो, फिंगरप्रिंट, वॉयस सैंपल, आपराधिक इतिहास और अन्य जानकारियां फीड की जा रही हैं, जिससे पुलिस को अपराधों के खुलासे में तेजी मिल रही है।
हाल ही में जनपद बरेली पुलिस ने ‘यक्ष एप’ की मदद से दो बड़ी घटनाओं का सफल अनावरण किया। पहली घटना 5 अप्रैल 2026 की है, जब सीबीगंज थाना क्षेत्र में तेज रफ्तार बोलेरो सड़क किनारे खड़े कैंटर से टकरा गई। हादसे के बाद पीछे से आ रही बाइक भी बोलेरो से भिड़ गई। दुर्घटना में पांच लोगों की मौत हो गई, जबकि एक युवक और दो छोटे बच्चे घायल हो गए।
पुलिस ने मृतकों और घायलों के मोबाइल फोन तथा ‘यक्ष एप’ में दर्ज उनके रिकॉर्ड खंगाले तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ। मृतक मनमोहन, सिकंदर और विशेष के साथ घायल युवक प्रिंस हत्या, डकैती और लूट जैसे गंभीर मामलों के आरोपी निकले। जांच के दौरान मनमोहन के पिता नत्थूलाल से पूछताछ की गई, जिसमें सामने आया कि इन लोगों ने 4 अप्रैल को गुरुग्राम से मनोज नामक व्यक्ति और उसके दो बच्चों का अपहरण किया था।
पुलिस को यह भी पता चला कि बोलेरो में घायल मिले दोनों बच्चे वही अपहृत बच्चे थे, जबकि उनके पिता मनोज को फरीदपुर के एक मकान में बंधक बनाकर रखा गया था। इसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मनोज को सकुशल बरामद कर लिया।
वहीं दूसरी घटना में बारादरी थाना क्षेत्र में 31 मार्च को घर में घुसकर बुलेट मोटरसाइकिल, मोबाइल फोन और चांदी का ब्रेसलेट चोरी करने वाले बदमाशों का खुलासा भी ‘यक्ष एप’ और सीसीटीवी फुटेज की मदद से हुआ। पुलिस ने इस मामले में सिकंदर उर्फ छोटा और उसके साथी मुकेश को गिरफ्तार कर लिया।