पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व पर बड़ा फैसला, अमरिंदर वड़िंग बने रहेंगे प्रधान
पंजाब कांग्रेस के प्रधान अमरिंदर राजा वड़िंग ही बने रहेंगे। पार्टी ने विधानसभा चुनाव से पहले बड़ा बदलाव किया है। पूर्व मुख्यमंत्री और जालंधर से सांसद चरणजीत चन्नी को कैंपेन कमेटी का चेयरमैन बनाया गया है। प्रताप सिंह बाजवा कांग्रेस विधायक दल के नेता रहेंगे। यह फैसला सामाजिक और क्षेत्रीय समीकरणों को ध्यान में रखकर लिया गया है।
ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी (AICC) के जनरल सेक्रेटरी केसी वेणुगोपाल ने बुधवार को आधिकारिक सूची जारी की। हाईकमान ने दिल्ली में चार बैठकों में पूरी रणनीति तैयार की। इस सूची में पार्टी ने अलग-अलग वर्गों और क्षेत्रों के नेताओं को जिम्मेदारी दी है। इससे संगठन में संतुलन बनाने के साथ गुटबाजी कम करने की कोशिश की गई है। इससे पंजाब विधानसभा चुनाव में पार्टी को मजबूती मिलेगी।
तीन वर्किंग प्रेसिडेंट और नई कमेटियों का गठन
हाईकमान ने पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी में तीन नए वर्किंग प्रेसिडेंट नियुक्त किए हैं। इनमें सुखविंदर सिंह डैनी, राज कुमार वेरका और पूर्व मंत्री संगत सिंह गिलजियां शामिल हैं। कैंपेन कमेटी में तीन को-चेयरपर्सन लगाए गए हैं। इसमें विधायक सुखपाल सिंह खैहरा, विधायक राणा गुरजीत सिंह और सांसद डॉ. धर्मवीर गांधी को शामिल किया गया है।
इलेक्शन मैनेजमेंट एंड को-ऑर्डिनेशन कमेटी में पूर्व डिप्टी सीएम ओपी सोनी, पूर्व मंत्री रजिया सुल्ताना, पूर्व विधायक कुलजीत सिंह नागरा, पूर्व विधायक अंगद सिंह सैनी और पूर्व मंत्री भारत भूषण आशु को को-चेयरपर्सन बनाया गया है। मेनिफेस्टो कमेटी में सांसद गुरजीत सिंह औजला, विधायक परगट सिंह, पूर्व विधायक हरदयाल सिंह कंबोज और पूर्व मंत्री सुखबिंदर सिंह सरकारिया को जगह दी गई है। ये बदलाव कांग्रेस पार्टी की नई रणनीति का हिस्सा हैं।
सामाजिक और क्षेत्रीय संतुलन का दांव
पंजाब कांग्रेस का सोशल-क्षेत्रीय दांव साफ दिखता है। पार्टी ने 69 सीटों वाले मालवा क्षेत्र को प्राथमिकता दी है। पूर्व मुख्यमंत्री और दलित नेता चरणजीत सिंह चन्नी को कैंपेन कमेटी की कमान सौंपी गई है। हिंदू नेता विजय इंदर सिंगला को इलेक्शन मैनेजमेंट कमेटी का चेयरमैन बनाया गया है। दलित नेता डॉ. अमर सिंह को मेनिफेस्टो कमेटी का चेयरमैन लगाया गया है।
पार्टी ने 25 सीटों वाले माझा क्षेत्र का भी ध्यान रखा है। जट सिख नेता सुखजिंदर सिंह रंधावा को कोर कमेटी का चेयरमैन बनाया गया है। प्रताप सिंह बाजवा को कांग्रेस विधायक दल के नेता के पद पर बरकरार रखा गया है। 23 सीटों वाले दोआबा क्षेत्र में संतुलन के लिए संगत सिंह गिलजियां, राज कुमार वेरका और सुखविंदर सिंह डैनी को वर्किंग प्रेसिडेंट बनाया गया है। इससे पार्टी को विधानसभा चुनाव में फायदा मिलेगा।
चुनावी समितियों का गठन और भविष्य की रणनीति
कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव से पहले 18 वरिष्ठ नेताओं को अलग-अलग जिम्मेदारियां दी हैं। कोर कमेटी का चेयरपर्सन सुखजिंदर सिंह रंधावा को बनाया गया है। मेनिफेस्टो कमेटी का चेयरपर्सन डॉ. अमर सिंह को लगाया गया है। पार्टी ने सामाजिक और क्षेत्रीय समीकरणों को ध्यान में रखकर यह फैसला किया है। इससे संगठन में गुटबाजी कम होगी और पार्टी एकजुट होगी।
हाईकमान ने दिल्ली में चार बैठकों में सारी स्ट्रेटजी बनाई। इसके तहत अलग-अलग वर्गों के नेताओं को शामिल किया गया है। पंजाब के राजनीतिक समीकरणों को देखते हुए यह कदम काफी अहम है। इससे चुनावी मैदान में पार्टी को मजबूती मिलेगी। खबर को अपडेट किया जा रहा है।
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