बीकानेर, 01 अगस्त । बीकानेर के विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट ललित कुमार (एन.आई. एक्ट प्रकरण) न्यायालय ने चेक अनादरण के एक मामले में अभियुक्ता मांगूदेवी सांखला को दोषी ठहराते हुए 4 माह के साधारण कारावास तथा 6.10 लाख के जुर्माने से दंडित किया है।
प्रकरण के अनुसार परिवादी हरीश चन्द्र सोनी ने आरोप लगाया कि अभियुक्ता ने 3.50 लाख उधार लिए थे। राशि लौटाने के लिए अभियुक्ता ने 3.50 लाख का चेक जारी किया, लेकिन बैंक में प्रस्तुत करने पर वह बैंक में पर्याप्त राशि न होने के कारण से अनादरित हो गया। विधिक नोटिस के बावजूद भुगतान नहीं होने पर परिवादी ने न्यायालय की शरण ली। मामले में साक्ष्यों एवं दोनों पक्षों की दलीलों पर विचार करने के बाद न्यायालय ने अभियुक्ता को दोषी मानते हुए चार माह के साधारण कारावास एवं 6.10 लाख के जुर्माने की सजा सुनाई। न्यायालय ने जुर्माने की राशि में से नियमानुसार प्रतिकर परिवादी को दिए जाने का भी आदेश दिया।
परिवादी की ओर से अधिवक्ता जनाब हसन राठौड़ एवं अधिवक्ता रवैल भारतीय ने प्रभावी पैरवी की,जिसके उपरांत न्यायालय ने परिवादी के पक्ष में निर्णय पारित किया।