पंजाब सरकार के निर्देश पर पठानकोट में “सिख्या दा महा जश्न” का आयोजन
पंजाब सरकार के स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के विशेष निर्देशों पर आज पठानकोट जिले के सभी सरकारी स्कूलों में “सिख्या दा महा जश्न” बेहद उत्साह, उमंग और गरिमा के साथ मनाया गया। इस राज्यव्यापी मुहिम के तहत जिले के सभी सरकारी प्राइमरी, मिडिल, हाई और सीनियर सेकेंडरी स्कूलों में एक विशाल ‘मेगा पेरेंट्स-टीचर मीटिंग’ (Mega PTM) का आयोजन किया गया। इस महा-जश्न में सुबह से ही स्कूलों में त्योहार जैसा माहौल देखा गया, जहां हजारों की संख्या में अभिभावकों ने अपने बच्चों के साथ शिरकत कर शिक्षा के प्रति अपनी जागरूकता का परिचय दिया। इस आयोजन ने सरकारी स्कूलों में शिक्षा के प्रति लोगों का विश्वास बढ़ाया है। पंजाब में शिक्षा सुधारों पर अधिक जानकारी के लिए देखें पंजाब शिक्षा विभाग।
स्कूल, शिक्षक और अभिभावकों के बीच बेहतर तालमेल है मुख्य उद्देश्य
इस विशेष आयोजन का मुख्य उद्देश्य सरकारी स्कूलों, शिक्षकों और बच्चों के माता-पिता (अभिभावकों) के बीच एक मजबूत और जीवंत तालमेल स्थापित करना है। शिक्षा अधिकारियों के अनुसार, जब तक शिक्षक और अभिभावक मिलकर प्रयास नहीं करेंगे, तब तक बच्चों का सर्वांगीण और मानसिक विकास संभव नहीं है। इस मंच के माध्यम से दोनों पक्षों ने मिलकर बच्चों के सुनहरे भविष्य की रूपरेखा तैयार की। अभिभावकों ने बच्चों की पढ़ाई में अधिक रुचि दिखाई। शिक्षकों ने बच्चों की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की। इस सहयोग से सरकारी स्कूलों की छवि में सुधार होगा।
छुट्टियों के होमवर्क और आधुनिक सुविधाओं पर हुई चर्चा
मेगा पीटीएम के दौरान शिक्षकों ने हर एक बच्चे के अभिभावक से आमने-सामने बैठकर उनकी शैक्षणिक प्रगति (Academic Progress) और सीखने के स्तर (Learning Level) का रिपोर्ट कार्ड साझा किया। इसके साथ ही, आने वाली गर्मियों की छुट्टियों के दौरान बच्चों को रचनात्मक गतिविधियों से जोड़े रखने, स्कूलों में उपलब्ध कराई गई आधुनिक डिजिटल सुविधाओं (Smart Classrooms, Labs) के उपयोग और स्कूल के बुनियादी ढांचे के विकास में अभिभावकों की भागीदारी व उनके महत्वपूर्ण सुझावों पर विस्तार से चर्चा की गई। अभिभावकों ने स्कूल सुधार के लिए कई मूल्यवान सुझाव दिए। शिक्षकों ने छुट्टियों के होमवर्क को रोचक बनाने पर जोर दिया।
बोर्ड परीक्षा और JEE-CLAT के सफल छात्र हुए सम्मानित
“सिख्या दा महा जश्न” उस समय बेहद भावुक और गौरवमयी पल में बदल गया, जब हाल ही में घोषित हुए बोर्ड परीक्षाओं के नतीजों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले और विभिन्न विषयों में शत-प्रतिशत (100%) अंक हासिल करने वाले छात्र-छात्राओं को मंच पर सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त, सरकारी स्कूलों में पढ़कर JEE (इंजीनियरिंग), CLAT (लॉ) व अन्य राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं को पास करने वाले होनहार विद्यार्थियों को विशेष पुरस्कार दिए गए। साथ ही, ‘स्किल एजुकेशन’ और ‘इंग्लिश एज’ (English Edge) कार्यक्रम के तहत बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले छात्रों व मार्गदर्शक स्कूल स्टाफ को प्रशंसा प्रमाण पत्र (Certificates of Appreciation) बांटे गए। इस सम्मान ने छात्रों का मनोबल बढ़ाया। सरकारी स्कूलों की सफलता पर अधिक जानकारी के लिए देखें शिक्षा मंत्रालय।
बच्चों के समग्र विकास को मिलेगी नई दिशा: डीईओ कमलदीप कौर
इस सफल आयोजन पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) कमलदीप कौर ने बताया कि पंजाब सरकार सरकारी स्कूलों की तस्वीर बदलने और गरीब से गरीब बच्चे को वर्ल्ड-क्लास व गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए पूरी निष्ठा से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि “सिख्या दा महा जश्न” जैसी अनूठी पहल अभिभावकों, शिक्षकों और विद्यार्थियों को एक साझा मंच पर लाकर बच्चों के समग्र विकास को एक नई और सकारात्मक दिशा दे रही है, जिससे आने वाले समय में सरकारी स्कूलों के प्रति जनता का विश्वास और अधिक मजबूत होगा। डीईओ ने कहा कि यह पहल बच्चों के भविष्य को संवारेगी। सरकारी स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार जारी रहेगा।
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